हिमाचल प्रदेश में तापमान बढ़ने के साथ-साथ अग्निकांड के मामले भी बढ़ते जा रहे है। अब तक प्रदेश के जंगलों में आग लगने के 824 मामले सामने आए है, जिसमें ढाई करोड़ के नुकसान का प्राथमिक मूल्यांकन वन विभाग की टीम द्वारा लगाया गया है। प्रदेश में धर्मशाला सर्कल में सबसे ज्यादा अग्निकांड दर्ज किए गए हैं। वन विभाग हिमाचल प्रदेश में वन सुरक्षा एवं अग्नि नियंत्रण के मुख्य अरण्यपाल मुनीश परवारी ने जानकारी देते हुए बताया कि धर्मशाला, हमीरपुर, मंडी सहित जिन इलाकों के जंगलों में चीड़ के पेड़ ज़्यादा हैं वहां तापमान के बढ़ने से चीड़ के पत्ते जल्द आग पकड़ लेते है जिससे आग लगने की घटनाएं लगातार बढ़ती जा रही है। उन्होंने बताया कि प्रदेश के जिस भी इलाके व जंगल में आग लगने की सूचना मिल रही है वहां वन विभाग व अग्निशमन विभाग की टीम आपसी सहयोग से आग पर काबू पाने के लिए पूरे प्रयास कर रही है। मगर कई जगहों पर स्थानीय लोगों का भी पूर्ण सहयोग न मिल पाने के कारण जंगलों में आग लगने से ज़्यादा नुक़सान देखने को मिल रहा है। ऐसे में उन्होंने प्रदेश की समस्त जनता से अपील की है कि वह भी आग बुझाने में वन विभाग की टीम का पूरा सहयोग करें।