ऊना के हरोली में लगाए गए एक मेडिकल कैंप के दौरान इंजेक्शन लगाने के बाद एक महिला की मृत्यु होने की न्यायिक जांच होनी चाहिए। जोगिंद्र कौर की मौत किस लाहपरवाही से हुई, यह जांच का विषय है।
यह बात नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री ने ऊना में रविवार को जारी प्रेस बयान कही। उन्होंने कहा कि मेडिकल कैंप में महिला की मृत्यु लापरवाही के कारण हुई है और परिवार इस समय गहरे सदमे में है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार को इस मृत्यु की न्यायिक जांच करवानी चाहिए और जो एग्रीमेंट मेडिकल कैंप के लिए किया गया है। संस्थान के साथ उसमें भी व्यवस्थाओं को सुविधाओं को जांचने का काम होना चाहिए।

उन्होंने कहा कि प्राथमिक रूप से यह पूरी तरह से मेडिकल कैंप के आयोजन की लापरवाही को दर्शाता है। यह भी बताया गया है कि मेडिकल कैंप लगाने वाला संस्थान मृतक महिला की फाइल से कागज भी ले गया है ताकि अधिक जानकारी न मिल सके। मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि इस मामले में प्रदेश सरकार को त्वरित कार्रवाई करते हुए न्यायिक जांच करवानी चाहिए।
हैरानी तो इस बात की है कि मेडिकल कैंप के दौरान एक महिला की बहुमूल्य जान चली गई और एक भी प्रशासनिक अधिकारी मृतक परिवार के घर पर संवेदना व्यक्त करने और जानकारी लेने नहीं पहुंचा। यह साबित करता है कि किस प्रकार से संवेदनशीलता सरकार व प्रशासन की खत्म है। इस मामले को ऊपर तक उठाया जाएगा और परिवार को न्याय दिलाया जाएगा। प्रदेश सरकार को बिना देरी किए इसकी जांच के आदेश देने चाहिए और परिवार को मदद भी की जानी चाहिए।
