संतुलित सामाजिक-आर्थिक विकास के लिए विभिन्न वर्गों का सशक्तिकरण आवश्यक-डाॅ. सैजल

स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा आयुष मंत्री डाॅ. राजीव सैजल ने कहा कि प्रदेश सरकार विकास के माध्यम से समाज के विभिन्न वर्गों का सशक्तिकरण सुनिश्चित बनाने की दिशा में कार्य कर रही है। डाॅ. सैजल आज यहां अनुसूचित जाति उप योजना की जिला स्तरीय अनुश्रवण एवं समीक्षा समिति की बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे।
डाॅ. सैजल ने कहा कि संतुलित सामाजिक-आर्थिक विकास के लिए समाज के सभी वर्गों का सशक्तिकरण आवश्यक है। इस उद्देश्य की पूर्ति के लिए सरकारी विभागों के साथ-साथ स्वयंसेवी संस्थाओं और आमजन का समन्वय आवश्यक है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार विभिन्न योजनाओं विशेषकर अनुसूचित जाति उप योजना के तहत कुल बजट का समुचित प्रतिशत उपलब्ध करवा रही है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि आमजन के कल्याण के लिए आयोजित की जा रही बैठकों में व्यय किए गए धन तथा पूर्ण की गई योजनाओं की समुचित जानकारी उपलब्ध करवाई जाए। उन्होंने कहा कि इन बैठकों के माध्यम से आमजन का विकास सुनिश्चित किया जाना आवश्यक है। यह तभी सम्भव है जब अधिकारी ज़मीनी स्तर पर योजना को समय पर पूर्ण करें। उन्होंने उपायुक्त सोलन को निर्देश दिए कि बैठक में अनुपस्थित अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया जाए।
आयुष मंत्री ने लोक निर्माण विभाग को निर्देश दिए कि पशुपालन विभाग के कार्यालय भवन के निर्माण कार्य को शीघ्र पूरा किया जाए। उन्हांेने कहा कि वन विभाग एक बूटा बेटी के नाम योजना के तहत अधिक से अधिक पौधरोपण सुनिश्चित करे।  
बैठक में जानकारी दी गई कि वर्ष 2021-22 में अनुसूचित जाति उप योजना के तहत सोलन जिला में विभिन्न विभागों द्वारा लगभग 32 करोड़ रुपए व्यय किए गए हैं।  
उपायुक्त ज़फ़र इकबाल ने विश्वास दिलाया कि बैठक में दिए गए निर्देशों का पूर्ण पालन सुनिश्चित बनाया जाएगा।
जिला कल्याण अधिकारी गिरधारी लाल शर्मा ने बैठक की कार्यवाही का संचालन किया। उन्होंने कहा कि वर्ष 2011 की जनगणना के अनुसार सोलन जिला में 40 प्रतिशत से अधिक अनुसूचित जाति जनसंख्या वाले 830 गांव हैं। 198 गांव ऐसे हैं जिनमें 90 या इससे अधिक लोग अनुसूचित जाति से सम्बन्धित हैं।
अर्की के विधायक संजय अवस्थी, नगर निगम सोलन की महापौर पूनम ग्रोवर, नगर परिषद सोलन की अध्यक्ष निशा शर्मा, अतिरिक्त उपायुक्त ज़फ़र इकबाल, उपमण्डलाधिकारी सोलन अजय यादव, उपमण्डलाधिकारी नालागढ़ महेन्द्र पाल गुर्जर, उपमण्डलाधिकारी अर्की शहज़ाद आलम, उपमण्डलाधिकारी कसौली डाॅ. संजीव धीमान, उपमण्डलाधिकारी कण्डाघाट डाॅ. विकास सूद, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डाॅ. राजन उप्पल, वन मंडलाधिकारी नालागढ़ यशुदीप सिंह, जिला ग्रामीण विकास अभिकरण के परियोजना अधिकारी राजकुमार सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी बैठक में उपस्थित थे।