हिमाचल प्रदेश में चल रहे पटवारी कानूनगो संघ के संघर्ष को लेकर पटवारी व कानूनगो पर एक्शन की तैयारी है। शनिवार को भी प्रदेश भर की तहसीलों में इनका संघर्ष जारी रहा जो कि पेन डाउन स्ट्राइक कर रहे हैं। इस संबंध में सरकार ने सभी जिलाधीशों को राजस्व महकमे के माध्यम से पत्र भेजा है और उनको कहा है कि वह ऐसे भी पटवारी व कानूनगो की सूचना दें जो कि पेनडाउन स्ट्राइक कर रहे हैं। क्योंकि यह सीसीएस कंडक्ट रूल्स के खिलाफ है और इनकी स्ट्राइक से आम जनता को परेशानी हो रही है। उनसे पूछा गया है कि कहां-कहां पर पेन डाउन स्ट्राइक की जा रही है, इसकी रोजमर्रा की जानकारी वह भेजेंगे। यह जानकारी रोजाना सुबह साढ़े दस बजे तक भेजी जाएगी, ताकि समय पर सूचना मिले और सरकार इसपर कार्रवाई कर सके।
कहां-कहां पर कितना काम प्रभावित हो रहा है इसकी विस्तृत जानकारी देंगे। न केवल डीसी बल्कि सेटलमेंट ऑफिसरों व सभी जिला राजस्व अधिकारियों को इस संबंध में सूचना देने को कहा गया है। सोमवार से यह सभी अधिकारी अपनी सूचना प्रेषित करेंगे और काम नहीं करने वाले पटवारी व कानूनगो की जानकारी देंगे। राजस्व विभाग के ज्वाइंट सेके्रटरी सुनील वर्मा की ओर से यह निर्देश जारी हुए हैं। कई श्रेणियों का जिला कॉडर बदलकर स्टेट कॉडर किया गया है और पटवारी कानूनगो को भी स्टेट कॉडर में लाया गया है।
मांगे मानी हैं फिर भी संघर्ष
राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी ने कहा कि इन कर्मचारियों के साथ कई बैठकें हो चुकी हैं और उनकी जो मांगें थीं उनको पूरा भी किया गया है। उनके साथ बातचीत के लिए कमेटी भी बनाई गई थी। उनकी एक मांग कानूनगो के पेपर में लैंड मैन्यूल में यदि फेल हो जाएं तो सभी पेपरों में फेल हो जाते थे जिसे खत्म किया गया। वह इस पेपर में फेल हो जाएं तो शेष पेपर दोबारा नहीं देने पड़ते। कानूनगो व पटवारी को फील्ड में नेट की सुविधा में 250 रुपए दिए जाते थे वो नाकाफी थे इसलिए वाई फाई की व्यवस्था की वहीं लैपटॉप भी दिए जा रहे हैं। इनकी कई मांगें मानी गई हैं और कई मांगों पर अभी विचार किया जा रहा है।