कोविड-19 के जिला बिलासपुर में कुल 131888 टीके लग चुके है: डाॅ0 प्रकाश दडोच

बिलासपुर 13 अप्रैल –

मुख्य चिकित्सा अधिकारी बिलासपुर डाॅ0 प्रकाश दडोच ने बताया कि अब 1 अप्रैल 2021 से 45 साल से उपर के सभी लोगों का कोविड-19 टीकाकरण किया जा रहा है चाहे वो बीमारियों से प्रभावित हो या नहीं सभी का टीकाकरण हो रहा है। उन्होंने बताया कि जिला के क्षेत्रीय अस्पताल बिलासपुर में सप्ताह में 6 दिन (सोमवार से शनिवार तक) व अल्टरनेट रविवार को टीके लगाए जा रहे हैं। बिलासपुर शहर के लोगों का टीकाकरण क्षेत्रीय अस्पताल बिलासपुर में ही होगा। नागरिक चिकित्सालयों में हर मंगलवार, शुक्रवार, शनिवार व अल्टरनेट रविवार को टीके लगाए जा रहे हैं। सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों में हर मंगलवार, शुक्रवार व शनिवार को टीके लगाए जा रहे हैं। प्रत्येक प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों में भी हर मंगलवार व शुक्रवार को टीकाकरण हो रहा है तथा जिले के उप स्वास्थ्य केन्द्रों में भी प्रत्येक सोमवार व वीरवार को कोरोना टीकाकरण किया जा रहा है। इसी प्रकार अब सभी आयुर्वेदिक स्वास्थ्य केन्द्रों में भी कोरोना टीकाकरण हर बुधवार को होगा।


उन्होंने बताया कि अब 18 से 44 साल के लोगों के लिए कोविड-19 टीकाकरण हेतु पहले ब्व.ॅपछ पोर्टल पर पंजीकरण करवाना आवश्यक है। उन्होंने बताया कि आरोग्य सेतु ऐप या कोविन ऐप ;बवूपदण्हवअण्पदद्ध के माध्यम से अपना टीकाकरण स्थान चुनकर अपना पंजीकरण करवाकर ही आप द्वारा निर्धारित जगह पर आपको टीका लगेगा।
उन्होंने बताया कि जिला में अब तक कोविड-19 टीकाकरण में 60 वर्ष से उपर के 48651 लोगों को पहली डोज तथा 21010 लोगों को दूसरी डोज दी गई। 45 से 59 वर्ष तक के 56541 लोगों को पहली डोज व 5686 लोंगो को दूसरी डोज दी गई। कुल मिलाकर 131888 टीके जिले में लग चुके हैं। उन्होंने बताया कि यह टीका सभी सरकारी अस्पतालोें में निःशुल्क लगाया जा रहा है तथा निजी अस्पतालों में मात्र 250 रुपये प्रति व्यक्ति देकर लगवाया जा सकता है।   
उन्होंने बताया कि टीका लगवाने के लिए किसी भी व्यक्ति को ज्यादा दूर जाने की जरुरत नहीं है क्योंकि वह अपने नजदीकी सरकारी अस्पताल/सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र तथा प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र में निर्धारित दिनों में टीका लगवा सकता है। निर्धारित तिथि से पहले आम जनता को समाचार पत्रों के माध्यम से अवगत करवा दिया जाएगा कि उनके नजदीकी स्वास्थ्य केन्द्रों में किस-किस दिन टीकाकरण होगा। इस विषय में इच्छुक व्यक्ति आरोग्य सेतु ऐप या कोविड ऐप के माध्यम से नजदीकी स्वास्थ्य केन्द्र में अपने-अपने टीकाकरण का दिन चुनकर नाम दर्ज करवा सकता है। व्यक्ति अपनी इच्छानुसार टीकाकरण के लिए स्वास्थ्य केन्द्र तथा दिन का चयन कर सकता है।
उन्होंने बताया कि इस विषय में ध्यान देने योग्य यह बात है कि पहले से स्वास्थ्य विभाग द्वारा निर्धारित किया जाएगा कि किस-किस स्वास्थ्य केन्द्र में किस दिन टीकाकरण होगा। इच्छुक व्यक्ति को उन्हीं निर्धारित तिथियों में से चयन करना होगा इसके अतिरिक्त कुछ सीमित संख्या में इन स्वास्थ्य केन्द्रों में टीकाकरण के दिन आॅन स्पाॅट रजिस्ट्रेशन की व्यवस्था भी होगी जिसका लाभ भी इच्छुक व्यक्ति उठा सकता है।

उन्होंने बताया कि अब तक किसी को भी टीका लगाने से कोई गम्भीर प्रतिकुल प्रभाव नहीं हुआ। टीकाकरण के बाद मामूली बुखार, टीका लगाने की जगह मामूली दर्द का होना तथा शरीर में दर्द होना जैसे प्रतिकूल प्रभाव हो सकते हैं इसलिए हम व्यक्ति को टीका लगाने के बाद आधा घंटा अपनी निगरानी में रखते हैं, घर जाने से पहले मरीज को एक हैल्पलाइन नंबर भी देते हैं कुछ भी होने पर वैक्सीन लगवाने वाले को वहां से मदद मिल जाती है। उन्होंने बताया कि वैक्सीन की एक डोज लगवाने के बाद 28 दिन के बाद दूसरी डोज लगवाई जाती है और उसके बाद 14 दिन शरीर रोग प्रतिरोधक क्षमता बनाने में लगा देता है। दोनों टीके लगाने के 14 दिनों के बाद शरीर पर कोरोना वायरस का प्रभाव नहीं होगा या बेहद कम होगा, लेकिन मास्क व शारीरिक दूरी के नियमों का पालन जरुर करे। उन्होंने बताया कि कोविड-19 का टीका बिलकुल सुरक्षित है प्रमाणित है। किसी प्रकार की गलत अफवाहों व भ्रांतियों पर भरोसा न करें।
उन्होंने आम जनता से भी अपील की है कि ये टीके चरणबद्ध तरीके से सभी को लगाए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि आगामी टीकाकरण के लिए जगह, तिथि का ब्योरा निर्धारित समय पर दे दिया जाएगा।

उन्होंने आम जनता को सरकार द्वारा बताए सभी कोविड-19 के दिशा निर्देशों जैसे मास्क पहनना, शारीरिक दूरी, हैंड हाईजिन आदि सभी कोविड नियमों का पालन करने का आहवान किया। उन्होंने अनुरोध किया जाता है कि एतिहात बरतें कोविड नियमों का पालन करें, खांसी, जुखाम, बुखार, सांस लेने में तकलीफ, शरीर में दर्द आदि हो तो वो खुद ही घर पर अपने आप को अलग कर दें व तुरन्त अपने नजदीक के स्वास्थ्य केन्द्र कर्मचारी डाॅक्टर व आषा कार्यकर्ता से सम्पर्क करें व जांच करा लें।